विद्यालय प्रबंधन समितियों (एस.एम.सी.) के लिए
दिशा-निर्देश 2026
School Management Committee के गठन, सदस्य चयन, बैठक नियम, वित्तीय प्रबंधन, कार्य एवं दायित्व की पूरी जानकारी — NEP 2020 के अनुसार
📋 विषय-सूची (Table of Contents)
- प्रस्तावना — SMC Guidelines 2026 क्या है?
- SMC क्या है?
- SMC Guidelines 2026 की प्रमुख विशेषताएँ
- SMC का गठन — नियम एवं प्रक्रिया
- SMC की संरचना एवं सदस्यता
- SMC का कार्यकाल
- SMC के कार्य एवं दायित्व
- शैक्षणिक निगरानी
- विद्यालय विकास योजना (SDP)
- वित्तीय प्रबंधन
- सुरक्षा एवं संरक्षा
- SMC बैठक के नियम 2026
- अभिभावकों का चुनाव प्रक्रिया
- SMC की उप-समितियाँ
- सरकारी योजनाओं की निगरानी
- सामाजिक लेखा-जोखा
- NEP 2020 और SMC का संबंध
- राजस्थान और SMC Guidelines 2026
- पुराने vs नए नियम — तुलना
- सारांश तालिका
- अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQ)
- निष्कर्ष
- PDF डाउनलोड एवं आधिकारिक लिंक
1. प्रस्तावना — SMC Guidelines 2026 क्या है?
भारत सरकार के शिक्षा मंत्रालय ने 7 मई 2026 को नई दिल्ली के विज्ञान भवन में विद्यालय प्रबंधन समितियों (SMC) के लिए दिशा-निर्देश 2026 जारी किए। केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने यह दिशा-निर्देश औपचारिक रूप से लॉन्च किए। इस कार्यक्रम में कई राज्यों के शिक्षा मंत्री, वरिष्ठ अधिकारी, शिक्षाविद् और सामाजिक कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
SMC Guidelines 2026 राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP 2020) के अनुरूप विद्यालयों में सामुदायिक भागीदारी, जवाबदेही और सुशासन को मजबूत करने के लिए तैयार किया गया है। इसका मुख्य उद्देश्य है — 2047 तक हर बच्चे को सुरक्षित, समावेशी और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा सुनिश्चित करना।
"School Management Committee को एक सामाजिक आंदोलन बनना चाहिए। NEP 2020 की सफलता समाज की स्वामित्व भावना पर निर्भर है।" — धर्मेंद्र प्रधान, केंद्रीय शिक्षा मंत्री, भारत सरकार
यह दिशा-निर्देश देश के सभी सरकारी विद्यालयों पर लागू होते हैं — बालवाटिका से कक्षा 12 तक।
2. SMC क्या है? (What is School Management Committee?)
विद्यालय प्रबंधन समिति (SMC) एक सामुदायिक शासन निकाय है जो प्रत्येक सरकारी विद्यालय में गठित की जाती है। यह समिति विद्यालय और स्थानीय समुदाय के बीच सेतु (Bridge) का कार्य करती है।
SMC का गठन शिक्षा का अधिकार अधिनियम 2009 (RTE Act) की धारा 21 के अंतर्गत अनिवार्य है।
विद्यालय-समुदाय सेतु
स्कूल और समाज के बीच की खाई को पाटना, स्थानीय भागीदारी बढ़ाना।
जवाबदेही सुनिश्चित करना
शिक्षकों, प्रधानाचार्य और विद्यालय प्रबंधन की जवाबदेही तय करना।
वित्तीय पारदर्शिता
सरकारी अनुदान के उपयोग की निगरानी, खातों का रख-रखाव।
अभिभावक सशक्तीकरण
माता-पिता को शिक्षा प्रक्रिया का सक्रिय हिस्सा बनाना।
विद्यालय विकास योजना
3 वर्षीय SDP तैयार कर बुनियादी ढाँचे और शैक्षणिक सुधार।
छात्र सुरक्षा
विद्यालय परिसर में सभी बच्चों की सुरक्षा और संरक्षा।
SMC का कानूनी आधार
- RTE Act 2009, धारा 21: प्रत्येक सरकारी विद्यालय में SMC का गठन अनिवार्य
- RTE Act 2009, धारा 21(2): SMC के कार्य और शक्तियाँ परिभाषित
- RTE Act 2009, धारा 22: विद्यालय विकास योजना तैयार करने का अधिकार
- NEP 2020: सामुदायिक भागीदारी और विकेंद्रीकृत शासन पर जोर
- समग्र शिक्षा अभियान: SMC सक्रियता के लिए वित्तीय सहायता
3. SMC Guidelines 2026 की प्रमुख विशेषताएँ
एकीकृत SMC संरचना
पहली बार बालवाटिका से कक्षा 12 तक के लिए एक ही SMC का गठन किया जाएगा। पहले प्राथमिक स्तर के लिए SMC और माध्यमिक स्तर के लिए SMDC अलग-अलग होती थीं।
आंगनवाड़ी और स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं को शामिल किया
पहली बार आंगनवाड़ी कार्यकर्ता (AWW), ASHA और ANM कार्यकर्ताओं को SMC का हिस्सा बनाया गया है।
पूर्व छात्रों (Alumni) को प्रतिनिधित्व
विद्यालय के पूर्व छात्रों (Alumni) को भी SMC में शामिल करने का प्रावधान है।
डिजिटल प्रौद्योगिकी का उपयोग
Vidyanjali, Eco-Club, PRASHAST App जैसे डिजिटल प्लेटफॉर्म का उपयोग अनिवार्य किया गया है।
सामाजिक ऑडिट अनिवार्य
Social Audit (सामाजिक ऑडिट) को वार्षिक अनिवार्यता बनाया गया है।
त्रैमासिक सुरक्षा निरीक्षण
हर तीन माह में Quarterly Safety Walk का प्रावधान — SMC सदस्य भवन, शौचालय, पेयजल, बिजली आदि का भौतिक निरीक्षण करेंगे।
4. SMC का गठन — नियम एवं प्रक्रिया
गठन की प्रक्रिया
सूचना प्रसार
विद्यालय प्रमुख SMC गठन की तिथि, स्थान और प्रक्रिया की सूचना सभी अभिभावकों को नोटिस बोर्ड, SMS, व्हाट्सएप और पंचायत माध्यमों से देंगे।
अभिभावक बैठक आयोजन
सभी नामांकित छात्रों के अभिभावकों की बैठक आयोजित होगी। सभी वर्गों और वंचित समूहों की भागीदारी सुनिश्चित की जाएगी।
लोकतांत्रिक चुनाव
SMC सदस्यों का चुनाव लोकतांत्रिक, पारदर्शी और समावेशी तरीके से होगा। विवाद की स्थिति में गुप्त मतदान (Secret Ballot) होगा।
अध्यक्ष एवं पदाधिकारियों का चुनाव
SMC सदस्य आपस में अध्यक्ष, उपाध्यक्ष और सदस्य सचिव का चुनाव करेंगे। प्रधानाध्यापक पदेन सदस्य सचिव होंगे।
पंजीयन एवं रिकॉर्ड
SMC गठन का पंजीयन संबंधित शिक्षा अधिकारी के पास कराया जाएगा। सदस्यों की सूची और शपथ पत्र विद्यालय रिकॉर्ड में सुरक्षित रखे जाएंगे।
पहली बैठक
गठन के एक सप्ताह के भीतर पहली बैठक होगी। इसमें कार्य योजना, उप-समितियों का गठन और वर्ष की गतिविधियों की रूपरेखा तैयार होगी।
विशेष प्रावधान
- सदस्य की मृत्यु, त्याग-पत्र या अयोग्यता पर नया सदस्य नामांकित किया जाएगा।
- कक्षा 9-12 के छात्र प्रतिनिधि भी SMC में शामिल हो सकते हैं।
- एक ही परिसर में एकाधिक विद्यालय होने पर संयुक्त SMC गठित हो सकती है।
- KGBV और आवासीय विद्यालयों के लिए विशेष SMC प्रावधान हैं।
5. SMC की संरचना एवं सदस्यता
सदस्यों की संख्या (नामांकन के अनुसार)
| छात्र नामांकन | SMC सदस्यों की संख्या | न्यूनतम महिला सदस्य |
|---|---|---|
| 100 तक | 12 से 15 सदस्य | 6 से 7 महिलाएँ |
| 101 से 500 | 15 से 20 सदस्य | 8 से 10 महिलाएँ |
| 500 से अधिक | 20 से 25 सदस्य | 10 से 12 महिलाएँ |
शेष 25% सदस्यों में ये शामिल होंगे:
- स्थानीय निकाय के निर्वाचित प्रतिनिधि (पंचायत/नगरपालिका)
- विद्यालय के शिक्षक प्रतिनिधि
- स्थानीय शिक्षाविद् एवं विशेषज्ञ
- पूर्व छात्र (Alumni)
- आंगनवाड़ी कार्यकर्ता (AWW)
- ASHA / ANM स्वास्थ्य कार्यकर्ता
- प्रधानाध्यापक / प्राचार्य (पदेन सदस्य सचिव)
- स्थानीय NGO / CSO प्रतिनिधि
आरक्षण एवं प्रतिनिधित्व के नियम
| समूह | प्रावधान |
|---|---|
| अभिभावक सदस्य | कम से कम 75% (अनिवार्य) |
| महिला सदस्य | न्यूनतम 50% (अनिवार्य) |
| SC/ST/OBC समुदाय | अनुपातिक प्रतिनिधित्व |
| सामाजिक-आर्थिक रूप से वंचित वर्ग (SEDGs) | प्रतिनिधित्व अनिवार्य |
| विशेष आवश्यकता वाले बच्चों के अभिभावक (CwSN) | प्रतिनिधित्व अनिवार्य |
| अल्पसंख्यक समुदाय | जहाँ लागू हो, प्रतिनिधित्व |
| पूर्व छात्र (Alumni) | प्रतिनिधित्व प्रोत्साहित |
SMC पदाधिकारी
- अध्यक्ष (President): अभिभावकों में से निर्वाचित — अधिमानतः महिला अभिभावक।
- उपाध्यक्ष (Vice-President): SMC सदस्यों द्वारा निर्वाचित।
- सदस्य सचिव (Member Secretary): प्रधानाध्यापक/प्राचार्य — पदेन नियुक्त।
- कोषाध्यक्ष (Treasurer): वित्तीय लेन-देन के लिए जिम्मेदार।
6. SMC का कार्यकाल
- SMC सदस्यों का कार्यकाल 2 वर्ष होगा।
- नई समिति के गठन तक पूर्व समिति कार्यरत रहेगी।
- कोई सदस्य दो लगातार कार्यकाल से अधिक नहीं रह सकता (सदस्य सचिव को छोड़कर)।
- यदि किसी सदस्य के बच्चे का नामांकन समाप्त हो जाए, तो वह अगले नए सत्र तक सदस्य रह सकता है।
- अनुपस्थिति या अनियमितता की स्थिति में SMC बैठक में बहुमत से सदस्य को हटाया जा सकता है।
7. SMC के कार्य एवं दायित्व
SMC Guidelines 2026 के अनुसार SMC को एक सक्रिय, जागरूक और जिम्मेदार शासन निकाय के रूप में कार्य करना है।
| कार्य क्षेत्र | मुख्य जिम्मेदारियाँ |
|---|---|
| शैक्षणिक निगरानी | उपस्थिति, ड्रॉपआउट, शिक्षण गुणवत्ता की निगरानी |
| विद्यालय विकास | 3 वर्षीय SDP तैयार करना और क्रियान्वयन |
| वित्त प्रबंधन | अनुदान का उपयोग, पारदर्शी खाता-बही |
| सुरक्षा एवं संरक्षण | Safety Plan, Quarterly Walk, आपदा प्रबंधन |
| समावेशी शिक्षा | CwSN, SEDGs, बालिकाओं की शिक्षा सुनिश्चित करना |
| सामाजिक ऑडिट | वार्षिक Social Audit आयोजन |
| पोषण एवं स्वास्थ्य | PM POSHAN की गुणवत्ता जाँच |
| बुनियादी ढाँचा | ₹30 लाख तक के सिविल कार्य |
| डिजिटल निगरानी | PRASHAST App, Vidyanjali, Eco-Club |
| शिकायत निवारण | Suggestion Box, Feedback Register |
8. शैक्षणिक निगरानी (Academic Monitoring)
छात्र उपस्थिति एवं नामांकन
- नामांकन में वृद्धि और ड्रॉपआउट में कमी के प्रयास
- विशेष रूप से बालिकाओं, SC/ST/OBC और दिव्यांग बच्चों की उपस्थिति सुनिश्चित करना
- स्कूल छोड़ने के कारणों की पहचान और समाधान
- 6-14 वर्ष के सभी बच्चों का नामांकन (RTE Act के अनुसार)
शिक्षक उपस्थिति एवं शिक्षण गुणवत्ता
- शिक्षकों की नियमित उपस्थिति की निगरानी
- पाठ्यक्रम पूर्णता और शिक्षण योजना की समीक्षा
- छात्रों के Learning Outcomes (अधिगम परिणाम) की जाँच
- शिक्षक-अभिभावक बैठकों का आयोजन
- शिक्षकों की Professional Development आवश्यकताओं की पहचान
समावेशी शिक्षा
- विशेष आवश्यकता वाले बच्चों (CwSN) की शिक्षा और सुविधाएँ
- Barrier-free access — रैम्प, विशेष शौचालय आदि
- प्रवासी मजदूरों के बच्चों का नामांकन और निरंतरता
- किशोरी बालिकाओं के लिए विशेष सुविधाएँ
9. विद्यालय विकास योजना (School Development Plan – SDP)
SDP में शामिल होने वाले क्षेत्र
- शैक्षणिक सुधार: Learning Outcomes, शिक्षण पद्धति, पाठ्यक्रम
- बुनियादी ढाँचा: कक्षा-कक्ष, शौचालय, पेयजल, बिजली, इंटरनेट
- समावेशी शिक्षा: CwSN, SEDGs के लिए विशेष योजना
- स्वास्थ्य एवं पोषण: PM POSHAN, स्वास्थ्य जाँच
- पर्यावरण: Eco-Club, हरित विद्यालय
- डिजिटल शिक्षा: ICT, Smart Class, Digital Library
- कला एवं संस्कृति: सांस्कृतिक गतिविधियाँ, खेलकूद
- व्यावसायिक शिक्षा: कौशल विकास (Vocational Education)
SDP तैयार करने की प्रक्रिया
- विद्यालय की वर्तमान स्थिति का आकलन (SWOT Analysis)
- समुदाय की आवश्यकताओं की पहचान (Community Needs Assessment)
- प्राथमिकताओं का निर्धारण
- वार्षिक बजट का आवंटन
- शिक्षा विभाग से अनुमोदन
- क्रियान्वयन एवं निगरानी
- वार्षिक समीक्षा एवं अद्यतन
10. वित्तीय प्रबंधन (Financial Management)
SMC बैंक खाता
- सभी SMC निधि अध्यक्ष और सदस्य सचिव के संयुक्त बैंक खाते में रखी जाएगी।
- दोनों हस्ताक्षरकर्ताओं की सहमति से ही निकासी संभव होगी।
- खाते का पूर्ण विवरण विद्यालय नोटिस बोर्ड पर प्रदर्शित होगा।
- प्रत्येक SMC बैठक में वित्तीय स्थिति की रिपोर्ट प्रस्तुत होगी।
प्रमुख अनुदान स्रोत
| अनुदान का नाम | उद्देश्य | राशि (अनुमानित) |
|---|---|---|
| School Development Grant (SDG) | विद्यालय बुनियादी सुधार | ₹25,000 – ₹1,00,000 |
| Maintenance Grant | भवन रख-रखाव | ₹10,000 – ₹50,000 |
| Composite School Grant | बहुउद्देशीय विकास कार्य | ₹25,000 – ₹1,00,000 |
| Library Grant | पुस्तकालय विकास | ₹5,000 – ₹20,000 |
| Sports Grant | खेलकूद सामग्री | ₹5,000 – ₹25,000 |
| Civil Works Budget | सिविल निर्माण (₹30L तक) | SMC निर्णयानुसार |
वित्तीय पारदर्शिता के नियम
- सभी व्यय का विधिवत बिल/वाउचर रखना अनिवार्य
- Cash Book, Ledger और Stock Register का रख-रखाव
- प्रत्येक वर्ष Internal Audit अनिवार्य
- Utilization Certificate (UC) समय पर जमा करना
- सामाजिक ऑडिट में वित्तीय विवरण की सार्वजनिक प्रस्तुति
11. सुरक्षा एवं संरक्षा (Safety and Security)
त्रैमासिक सुरक्षा निरीक्षण (Quarterly Safety Walk)
- भवन की संरचनात्मक सुरक्षा (Structural Safety)
- पेयजल की गुणवत्ता एवं उपलब्धता
- बालक एवं बालिका के लिए अलग-अलग स्वच्छ शौचालय
- बिजली की सुरक्षा और खुले तारों की जाँच
- रसोई और मध्याह्न भोजन क्षेत्र की स्वच्छता
- खेल मैदान और खेल सामग्री की सुरक्षा
- CCTV और सुरक्षा कर्मियों की व्यवस्था
- अग्निशमन यंत्र (Fire Extinguisher) की उपलब्धता
- Barrier-free access (रैम्प, रेलिंग आदि)
आपदा प्रबंधन तैयारी
- विद्यालय में Disaster Management Plan तैयार करना
- नियमित Mock Drill (आपदा अभ्यास) का आयोजन
- प्राथमिक चिकित्सा (First Aid) किट की उपलब्धता
- आपातकालीन संपर्क सूची का रख-रखाव
बाल सुरक्षा (Child Protection)
- POSCO Act के अनुपालन की निगरानी
- यौन उत्पीड़न की शिकायत के लिए Internal Complaints Committee (ICC)
- बच्चों के साथ दुर्व्यवहार, बाल श्रम और बाल विवाह की रोकथाम
- Cyber Safety और ऑनलाइन सुरक्षा जागरूकता
12. SMC बैठक के नियम (SMC Meeting Rules 2026)
बैठक की आवृत्ति
- बैठक प्रतिमाह कम से कम एक बार होनी अनिवार्य है।
- आवश्यकता पड़ने पर आपातकालीन बैठक भी बुलाई जा सकती है।
- वार्षिक सामाजिक ऑडिट बैठक अलग से आयोजित होगी।
कोरम (Quorum) के नियम
- बैठक के लिए न्यूनतम 50% कोरम अनिवार्य है।
- कोरम के बिना बैठक अवैध मानी जाएगी।
- यदि कोरम न हो तो बैठक 7 दिन बाद पुनः बुलाई जाएगी।
बैठक की कार्यवाही
- बैठक के विस्तृत कार्यवृत्त (Minutes) का रिकॉर्ड अनिवार्य।
- कार्यवृत्त पर अध्यक्ष और सदस्य सचिव के हस्ताक्षर जरूरी।
- प्रत्येक निर्णय पर सहमति/असहमति दर्ज होगी।
- बैठक की जानकारी विद्यालय नोटिस बोर्ड पर प्रदर्शित होगी।
अन्य महत्वपूर्ण रिकॉर्ड
- Feedback Register: अभिभावकों और समुदाय के सुझाव।
- Suggestion Box: गुप्त सुझाव के लिए।
- Grievance Register: शिकायतों के निपटारे का रिकॉर्ड।
- Attendance Register: SMC बैठक की उपस्थिति पंजिका।
13. अभिभावकों का चुनाव प्रक्रिया
मताधिकार (Voting Rights)
- प्रत्येक बच्चे के केवल एक अभिभावक/संरक्षक को मतदान का अधिकार।
- अभिभावक स्वयं उम्मीदवार बन सकते हैं या किसी योग्य व्यक्ति को नामांकित कर सकते हैं।
- विवाद की स्थिति में गुप्त मतदान (Secret Ballot) से चुनाव होगा।
- बहुमत से निर्णय मान्य होगा।
समावेशी चुनाव सुनिश्चित करना
- सभी कक्षाओं से आनुपातिक प्रतिनिधित्व
- SC/ST/OBC/विकलांग/अल्पसंख्यक समूहों का प्रतिनिधित्व
- महिला अभिभावकों की सक्रिय भागीदारी — विशेष प्रोत्साहन
- शिक्षा विभाग का एक प्रतिनिधि चुनाव की निष्पक्षता की निगरानी करेगा।
अयोग्यता के मानदंड
- दिवालिया घोषित व्यक्ति
- किसी आपराधिक मामले में दोषी ठहराया गया व्यक्ति
- नशीले पदार्थों का आदी व्यक्ति
- मानसिक रूप से अस्वस्थ व्यक्ति
- सरकारी पद पर आसीन विद्यालय कर्मचारी (शिक्षक को छोड़कर)
14. SMC की उप-समितियाँ
SMC Guidelines 2026 के अनुसार दो विशेष उप-समितियाँ गठित की जा सकती हैं:
Academic Committee (शैक्षणिक समिति)
शिक्षण-अधिगम परिणामों की निगरानी, शिक्षकों और छात्रों की उपस्थिति की जाँच, पाठ्यक्रम पूर्णता की समीक्षा और Learning Outcomes का आकलन।
School Building Committee (भवन समिति)
विद्यालय बुनियादी ढाँचे की निगरानी, सिविल निर्माण कार्यों की गुणवत्ता जाँच, रख-रखाव और ₹30 लाख तक के निर्माण कार्यों का संपादन।
इन उप-समितियों की रिपोर्ट प्रतिमाह SMC बैठक में प्रस्तुत की जाएगी।
15. सरकारी योजनाओं की निगरानी
| योजना का नाम | SMC की भूमिका |
|---|---|
| समग्र शिक्षा अभियान | AWP&B तैयार करने में सहयोग, लक्ष्य निर्धारण |
| PM POSHAN (मिड-डे मील) | भोजन की गुणवत्ता, मात्रा और स्वच्छता की जाँच |
| ULLAS (Neo Bharat Literacy) | वयस्क साक्षरता कार्यक्रम का समर्थन |
| PM SHRI विद्यालय | विद्यालय चयन मानदंडों का पालन, गुणवत्ता निगरानी |
| Vidyanjali | स्वयंसेवकों और दानदाताओं को विद्यालय से जोड़ना |
| Eco-Club | पर्यावरण गतिविधियों का समर्थन और निगरानी |
| PRASHAST App | दिव्यांग बच्चों का पंजीयन और सेवाएँ |
| KGBV / PM JANMAN | आवासीय विद्यालयों में सुरक्षा और सुविधाएँ |
| National Means-cum-Merit Scholarship | पात्र छात्रों का नामांकन सुनिश्चित करना |
| Free Textbook / Uniform / Scholarship | सभी पात्र छात्रों को समय पर वितरण की निगरानी |
17. NEP 2020 और SMC का संबंध
SMC Guidelines 2026 राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 (NEP 2020) के दृष्टिकोण और सिफारिशों के अनुरूप तैयार की गई है।
| NEP 2020 प्रावधान | SMC Guidelines 2026 में क्रियान्वयन |
|---|---|
| 5+3+3+4 पाठ्यक्रम संरचना | बालवाटिका से कक्षा 12 तक एकीकृत SMC |
| सामुदायिक भागीदारी | 75% अभिभावक, 50% महिला, आरक्षित प्रतिनिधित्व |
| विकेंद्रीकृत शासन | ₹30 लाख तक वित्तीय स्वायत्तता |
| समग्र विकास (Holistic Development) | एकीकृत SDP — शैक्षणिक + बुनियादी + स्वास्थ्य |
| समावेशी शिक्षा | SEDGs, CwSN, SC/ST/OBC का प्रतिनिधित्व |
| मातृभाषा में शिक्षा | 23 भाषाओं में SMC Guidelines PDF |
| डिजिटल शिक्षा | PRASHAST, Vidyanjali, Eco-Club का उपयोग |
"NEP 2020 की परिकल्पना है कि विद्यालय केवल परीक्षा केंद्र नहीं, बल्कि जीवंत सामुदायिक शिक्षण केंद्र हों।" — शिक्षा मंत्रालय, भारत सरकार, 7 मई 2026
18. राजस्थान और SMC Guidelines 2026
🏜️ राजस्थान में SMC की वर्तमान स्थिति
राजस्थान में अभी दो प्रकार की समितियाँ कार्यरत हैं:
- SMC: प्राथमिक विद्यालय (कक्षा 1-8) — RTE Act 2009 के तहत
- SDMC: माध्यमिक/उच्च माध्यमिक विद्यालय (कक्षा 9-12)
SMC Guidelines 2026 के क्रियान्वयन के बाद राजस्थान सरकार अपने नियमों को राष्ट्रीय ढाँचे के अनुरूप अपडेट करेगी।
राजस्थान SMC के लिए महत्वपूर्ण प्रपत्र
| प्रपत्र का नाम | उद्देश्य |
|---|---|
| SMC पंजीयन आवेदन प्रपत्र | समिति के गठन और पंजीयन के लिए |
| SMC सदस्य सूची फॉर्मेट | सदस्यों का नाम, पद, मोबाइल नंबर और हस्ताक्षर |
| SMC बैठक रजिस्टर फॉर्मेट | बैठक की कार्यवाही और उपस्थिति का रिकॉर्ड |
| शपथ पत्र फॉर्मेट | पंजीयन के लिए ₹100 स्टाम्प पेपर पर |
| Bank Account Opening Form | SMC का संयुक्त बैंक खाता खोलने के लिए |
| विद्यालय विकास योजना प्रपत्र | SDP तैयार करने के लिए |
| सामाजिक ऑडिट प्रपत्र | वार्षिक Social Audit के लिए |
| Utilization Certificate (UCR) | अनुदान के उपयोग का प्रमाण |
राजस्थान SMC के लिए उपयोगी वेबसाइट्स
- SMSA Rajasthan: www.rajsmsa.nic.in
- राजस्थान शिक्षा विभाग: education.rajasthan.gov.in
- SHALA DARPAN: rajshaladarpan.nic.in
- केंद्रीय शिक्षा मंत्रालय: dsel.education.gov.in/hi/smc
19. पुराने vs नए नियम — तुलना
| विषय | पुराने नियम | नए नियम 2026 |
|---|---|---|
| SMC संरचना | SMC (प्राथमिक) + SMDC (माध्यमिक) अलग-अलग | एकीकृत SMC — बालवाटिका से कक्षा 12 |
| महिला प्रतिनिधित्व | 50% (कुछ राज्यों में कम) | अनिवार्य न्यूनतम 50% |
| AWW / ASHA शामिल | नहीं | हाँ (पहली बार) |
| Alumni (पूर्व छात्र) | नहीं | हाँ (प्रोत्साहित) |
| वित्तीय अधिकार | सीमित (₹1-5 लाख) | ₹30 लाख तक |
| SDP | वार्षिक योजना | 3 वर्षीय SDP + वार्षिक उप-योजना |
| Safety Walk | नहीं | त्रैमासिक (अनिवार्य) |
| Social Audit | वैकल्पिक | वार्षिक (अनिवार्य) |
| Digital Tools | नहीं | PRASHAST, Vidyanjali, Eco-Club |
| PDF भाषाएँ | कुछ भाषाएँ | 23 भारतीय भाषाएँ |
20. सारांश तालिका (Quick Summary)
| विषय | नियम / प्रावधान | |
|---|---|---|
| जारी करने की तिथि | 7 मई 2026, विज्ञान भवन, नई दिल्ली | |
| जारी करने वाला | शिक्षा मंत्रालय, भारत सरकार | |
| लागू होने की तिथि | शैक्षणिक वर्ष 2026-27 से | |
| गठन की समय-सीमा | शैक्षणिक वर्ष शुरू होने के 1 माह के भीतर | |
| पहली बैठक | गठन के 1 सप्ताह के भीतर | |
| सदस्यों की संख्या | 12-25 (नामांकन के अनुसार) | |
| अभिभावक सदस्य | 75% अनिवार्य | |
| महिला प्रतिनिधित्व | न्यूनतम 50% | |
| कार्यकाल | 2 वर्ष (अधिकतम 2 कार्यकाल) | |
| बैठक की आवृत्ति | प्रतिमाह (कम से कम) | |
| न्यूनतम कोरम | 50% | |
| वित्तीय अधिकार | ₹30 लाख तक के सिविल कार्य | |
| विकास योजना | 3 वर्षीय SDP + वार्षिक उप-योजना | |
| सामाजिक ऑडिट | वर्ष में कम से कम 1 बार (अनिवार्य) | |
| सुरक्षा निरीक्षण | तिमाही Quarterly Safety Walk | |
| बैंक खाता | अध्यक्ष + सदस्य सचिव का संयुक्त खाता | |
| PDF भाषाएँ | 23 भारतीय भाषाएँ | |
| कानूनी आधार | RTE Act 2009, धारा 21 | |
| आधिकारिक वेबसाइट | dsel.education.gov.in/hi/smc |
21. अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQ)
22. निष्कर्ष (Conclusion)
SMC New Guidelines 2026 भारत की स्कूली शिक्षा में एक ऐतिहासिक और दूरदर्शी सुधार है। यह ढाँचा विद्यालयों को जीवंत, सशक्त और समुदाय-संचालित शिक्षण पारिस्थितिकी तंत्र में परिवर्तित करने का लक्ष्य रखता है।
NEP 2020 की भावना के अनुरूप, यह दिशा-निर्देश सुनिश्चित करते हैं कि अभिभावक, पूर्व छात्र, स्थानीय निकाय और नागरिक समाज — सभी मिलकर शिक्षा की गुणवत्ता, समानता और जवाबदेही को बेहतर बनाएँ।
लक्ष्य: शून्य ड्रॉपआउट
2030 तक 6-14 वर्ष के प्रत्येक बच्चे का विद्यालय में नामांकन और निरंतरता।
लक्ष्य: गुणवत्तापूर्ण शिक्षा
Learning Outcomes में सुधार, NIPUN Bharat, FLN लक्ष्यों की प्राप्ति।
लक्ष्य: समावेशी शिक्षा
लिंग, जाति, आर्थिक स्थिति और दिव्यांगता की परवाह किए बिना सभी को शिक्षा।
लक्ष्य: विकसित भारत 2047
शिक्षित, कुशल और सशक्त युवाओं से विकसित भारत का निर्माण।
23. PDF डाउनलोड एवं आधिकारिक लिंक
📥 SMC Guidelines 2026 — आधिकारिक PDF डाउनलोड करें
शिक्षा मंत्रालय, भारत सरकार की आधिकारिक वेबसाइट से हिंदी सहित 23 भाषाओं में PDF उपलब्ध है।
हिंदी PDF डाउनलोड करें English PDF Downloadअन्य उपयोगी लिंक
- शिक्षा मंत्रालय: dsel.education.gov.in/hi/smc
- समग्र शिक्षा: samagra.education.gov.in
- SMSA Rajasthan: www.rajsmsa.nic.in
- Shala Darpan Rajasthan: rajshaladarpan.nic.in
- PRASHAST App: prashast.cbse.gov.in
- Vidyanjali: vidyanjali.education.gov.in
- PM SHRI Schools: pmshrischools.education.gov.in
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📚 स्रोत एवं संदर्भ (Sources & References)
- शिक्षा मंत्रालय, भारत सरकार — dsel.education.gov.in/hi/smc
- राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 (NEP 2020) — education.gov.in
- शिक्षा का अधिकार अधिनियम 2009 (RTE Act) — धारा 21, 22
- समग्र शिक्षा अभियान — samagra.education.gov.in
- SMSA Rajasthan — www.rajsmsa.nic.in
- Shala Darpan Rajasthan — rajshaladarpan.nic.in
16. सामाजिक लेखा-जोखा (Social Audit)
सामाजिक ऑडिट में क्या होता है?
सामाजिक ऑडिट के लाभ